मशहूर गायक आशा भोसले को कार्डियक अरेस्ट के बाद मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह जानकारी ब्रीच कैंडी अस्पताल के डॉक्टर ने दी। पिछले कुछ समय से उनकी सेहत को लेकर चर्चाएँ चल रही थीं, और अब उनके अस्पताल में भर्ती होने ने सभी को चिंता में डाल दिया है।
92 वर्षीय आशा भोसले का इलाज इमर्जेंसी मेडिकल सर्विसेज़ यूनिट में चल रहा है। अस्पताल के सूत्रों के अनुसार, उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर है और डॉक्टर उन्हें निगरानी में रख रहे हैं। आशा भोसले भारतीय संगीत की एक प्रमुख हस्ती हैं और उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता।
उनकी छोटी बहन ऊषा मंगेशकर ने इस घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि जब उन्हें यह ख़बर मिली, तब वे पुणे में थीं और फौरन मुंबई के लिए रवाना हो गईं। पूरे परिवार की चिंता आशा भोसले की स्वास्थ्य स्थिति को लेकर जाहिर है। सभी प्रशंसक भी उनकी शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना कर रहे हैं। आशा भोसले का संगीत भारतीय संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है, और उनके स्वस्थ होने की तमन्ना हर जगह है।
स्वरकोकिला लता मंगेशकर, और उषा मंगेशकर की बहिन आशा भोंसले ने 1943 में 10 साल की उम्र में गाना शुरू कर दिया था.
आशा भोसले का परिचय
आशा भोसले का जन्म 08 सितम्बर 1933 को महाराष्ट्र के ‘सांगली’ जिले एक मराठी परिवार में हुआ।
इनके पिता दिनानाथ मंगेशकर प्रसिद्ध गायक एवं नायक थे। जिन्होंने शास्त्रीय संगीत की शिक्षा काफी छोटी उम्र में ही आशा जी को दी।
आशा जी जब केवल 9 वर्ष की थीं, इनके पिता का स्वर्गवास हो गया । पिता के मरणोपरांत, इनका परिवार पुणे से कोल्हापुर और उसके बाद मुंबई आ गया। परिवार की सहायता के लिए आशा और इनकी बड़ी बहन लता मंगेशकर ने गाना और फिल्मों में अभिनय शुरू कर दिया।
1943 में इन्होंने अपनी पहली मराठी फिल्म ‘माझा बाळ’ में गीत गाया। यह गीत ‘चला चला नव बाळा…’ दत्ता डावजेकर के द्वारा संगीतबद्ध किया गया था।
1948 में हिन्दी फिल्म ‘चुनरिया’ का गीत ‘सावन आया।..’ हंसराज बहल के लिए गाया।
वह 90 साल की उम्र तक गाती रहीं. उन्होंने हंसराज बहल, ओपी नैय्यर, मदन मोहन, आरडी बर्मन, इलैयाराजा, अनु मलिक से लेकर एआर रहमान तक के साथ काम किया.
उन्होंने रफ़ी, मुकेश और किशोर से लेकर बॉय जॉर्ज और आदित्य नारायण तक के साथ गाया है. उन्हें 1995 में उस्ताद अली अकबर खां के साथ एल्बम के लिए ग्रैमी में नॉमिनेट किया जा चुका है.
आशा भोसले ने 10,000 से ज़्यादा गाने रिकॉर्ड किए
लता मंगेशकर की छोटी बहन आशा जी ने लगभग 18000 से भी अधिक रिकॉर्डिड या बिना रिकॉर्डिड गाने गाए हैं, जिनमें फ़िल्मी और गैर-फ़िल्मी, दोनों तरह के गाने शामिल हैं। जबकि 10000 से अधिक गाने रिकार्ड हुए।
उनके प्रशंसक पूरी दुनिया में फैले हुए हैं। हिंदी के अलावा, उन्होंने मराठी, बंगाली, गुजराती, पंजाबी, भोजपुरी, तमिल, मलयालम, अंग्रेजी और रूसी भाषाओं में भी कई गाने गाए हैं।
आशा भोसले ने अपना पहला गाना, “सावन आया,” 1948 में फ़िल्म ‘चुनरिया’ में गाया था।
उनकी आवाज हर तरह के गीतों में सूट करती थी फिर चाहे वह भजन हों या अन्य किसी भी भाषा के गाने, आशा भोसले की ख़ासियत रही है कि वह वक़्त के साथ चलती हैं. कभी यह नहीं माना कि पुरानी ही चीज़ें अच्छी हैं. उनकी आवाज़ जितनी भजन में सूट होती है उतनी ही नए गानों भी,
गाने में विविधता उनकी ताक़त रही और उन्हें इस मुकाम तक लेकर आई है. जैसे आप “आगे भी जाने न तू”… गाना को देखें तो इसमें एक तरह का अर्थ है, ये एक क्लब का गाना भी है. आशा के इस गाने में एक दर्द सा है. और इस तरह का भाव लाना जैसा मुश्किल काम आशा भोसले जी ने किया।
आशा भोसले को पूरे जीवन में हजारों सम्मान मिले, जिनमें 1981- “दिल चीज क्या है।..”(उमरॉव जान) और 1986 “मेरा कुछ सामान…”(इजाजत) के लिए राष्ट्रीयगायन फिल्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

